मुख्यमंत्री मातृत्व सहायता योजना, हरियाणा: दूसरे बच्चे (लड़का) पर ₹5,000
₹5,000 एक बार · दूसरा बच्चा लड़का हो, तो उसके जन्म के बाद एक किस्त में। किसे: गर्भवती महिला या बच्चे को दूध पिलाने वाली माँ, महिला अभी गर्भवती हो, यह दूसरा बच्चा हो: परिवार में पहले से एक बच्चा है और 2 और शर्तें।

किसने लिखा: योजना चेक (PAV Technologies)। नियम सरकारी रिकॉर्ड से, AI सॉफ़्टवेयर की मदद से लिखे गए हैं, और हर नियम परिवारों के एग्ज़ाम्पल से जाँचा जाता है (अभी 1,980 परिवार, जिनके 2,367 जवाब सरकारी रिकॉर्ड से हाथ से निकालकर टूल से मिलाए जाते हैं)। सरकारी रिकॉर्ड से जाँचा: । हम नियम कैसे लिखते हैं
स्टेटस: चल रही है। महिला एवं बाल विकास डिपार्टमेंट का पेज (3 नवंबर 2026 को देखा) स्कीम और "आवेदन के लिए यहाँ क्लिक करें" का लिंक दिखाता है। गैज़ेट (16 मार्च 2023) के मुताबिक़ यह 8 मार्च 2022 से लागू है। बंद होने की बात नहीं है।
एक नज़र में
- ₹5,000एक बार
- 5शर्तें
- 2डॉक्यूमेंट
- ऑफ़लाइनआवेदन
- चल रही हैयोजना का हाल
क्या मिलता है
₹5,000 एक बार · दूसरा बच्चा लड़का हो, तो उसके जन्म के बाद एक किस्त में (सोर्स)
पैसा कैसे आता है: एक किस्त में खाते में, PPP और DBT से
परिवार में जो भी शर्तें पूरी करे, उसे यह अलग से मिलती है।
कब मिलता है
- शर्तें पूरी हों
- आवेदन
- जाँच और मंज़ूरी
- ₹5,000 एक बार, एक किस्त में खाते में, PPP और DBT से
किसे मिलती है
ये सारी बातें सही होनी चाहिए:
- गर्भवती महिला या बच्चे को दूध पिलाने वाली माँ
- महिला अभी गर्भवती हो
- यह दूसरा बच्चा हो: परिवार में पहले से एक बच्चा है
- महिला सेंट्रल सरकार, राज्य सरकार या सरकारी कंपनी की रेगुलर नौकरी में नहीं
- महिला SC या ST की हो, या 40 परसेंट या ज़्यादा दिव्यांग हो, या परिवार की सालाना कमाई ₹8 लाख से कम हो (BPL राशन कार्ड, आयुष्मान, ई-श्रम और मनरेगा जॉब कार्ड वाली महिलाएँ भी आती हैं)
पूरी योजना एक नक़्शे में
किसे मिलती है: 5 शर्तें
- गर्भवती महिला या बच्चे को दूध पिलाने वाली माँ
- महिला अभी गर्भवती हो
- यह दूसरा बच्चा हो: परिवार में पहले से एक बच्चा है
- महिला सेंट्रल सरकार, राज्य सरकार या सरकारी कंपनी की रेगुलर नौकरी में नहीं
- महिला SC या ST की हो, या 40 परसेंट या ज़्यादा दिव्यांग हो, या परिवार की सालाना कमाई ₹8 लाख से कम हो (BPL राशन कार्ड, आयुष्मान, ई-श्रम और मनरेगा जॉब कार्ड वाली महिलाएँ भी आती हैं)
क्या मिलता है: ₹5,000 एक बार
- ₹5,000 एक बार · दूसरा बच्चा लड़का हो, तो उसके जन्म के बाद एक किस्त में
आवेदन कहाँ: 1 जगह
- ऑफ़लाइन: आँगनबाड़ी वर्कर फ़ॉर्म की जाँच करती है और सुपरवाइज़र को देती है (आशा के मामले में मेडिकल ऑफ़िसर को), फिर महिला एवं बाल विकास प्रोजेक्ट ऑफ़िसर के पास जाता है। पेज पर "आवेदन के लिए यहाँ क्लिक करें" का लिंक भी है
डॉक्यूमेंट: 2 डॉक्यूमेंट
- गर्भ के रजिस्ट्रेशन और जाँच का सबूत, बच्चे के जन्म का रजिस्ट्रेशन, बच्चे के पहले टीकों (BCG, OPV, DPT, हेपेटाइटिस-बी) का सबूत
- आधार नंबर
रुक सकती है अगर: 3 बातें
- यह दूसरा बच्चा न हो
- उसे ऐसी नौकरी मिल जाए
- परिवार की कमाई साल में ₹8 लाख तक पहुँच जाए
ख़ुद जाँचें: हर शर्त पर हाँ या नहीं
- गर्भवती महिला या बच्चे को दूध पिलाने वाली माँ
- महिला अभी गर्भवती हो
- यह दूसरा बच्चा हो: परिवार में पहले से एक बच्चा है
- महिला सेंट्रल सरकार, राज्य सरकार या सरकारी कंपनी की रेगुलर नौकरी में नहीं
- महिला SC या ST की हो, या 40 परसेंट या ज़्यादा दिव्यांग हो, या परिवार की सालाना कमाई ₹8 लाख से कम हो (BPL राशन कार्ड, आयुष्मान, ई-श्रम और मनरेगा जॉब कार्ड वाली महिलाएँ भी आती हैं)
ऊपर हर शर्त पर हाँ, नहीं या पता नहीं चुनें।
क्या चीज़ इसे रोक सकती है
- यह दूसरा बच्चा न हो
- उसे ऐसी नौकरी मिल जाए
- परिवार की कमाई साल में ₹8 लाख तक पहुँच जाए
यह आपको ख़ुद देखना होगा
यह बात हमारा टूल नहीं जाँच सकता। जब तक यह पक्की न हो, जवाब "शायद" रहेगा:
- दूसरा बच्चा लड़का हो। स्कीम दूसरे बच्चे (लड़के) के जन्म पर पैसा देती है। यह जन्म के बाद ही पता चलता है (यहाँ देखें: wcdhry.gov.in)
आवेदन और स्टेटस
- ऑफ़लाइन: आँगनबाड़ी वर्कर फ़ॉर्म की जाँच करती है और सुपरवाइज़र को देती है (आशा के मामले में मेडिकल ऑफ़िसर को), फिर महिला एवं बाल विकास प्रोजेक्ट ऑफ़िसर के पास जाता है। पेज पर "आवेदन के लिए यहाँ क्लिक करें" का लिंक भी है
आवेदन ऊपर लिखी जगह पर ही करें। योजना चेक कोई आवेदन, फ़ीस, आधार या बैंक की जानकारी नहीं लेता।
कहाँ चलती है
ये डॉक्यूमेंट तैयार रखें
- गर्भ के रजिस्ट्रेशन और जाँच का सबूत, बच्चे के जन्म का रजिस्ट्रेशन, बच्चे के पहले टीकों (BCG, OPV, DPT, हेपेटाइटिस-बी) का सबूत। गाइडलाइन के मुताबिक़
- आधार नंबर। पेज के मुताबिक़ फ़ायदा आधार नंबर के आधार पर ही मिलता है
आवेदन के बाद
स्टेटस का मतलब
- पैसा एक किस्त में तभी आता है जब गर्भ का रजिस्ट्रेशन और एक चेक-अप हो चुका हो, जन्म रजिस्टर हो चुका हो और बच्चे को पहला टीकों का कोर्स लग चुका हो
पैसा बैंक खाते में आता है, तो पहले ये देख लें
- आधार, बैंक खाते और योजना के फ़ॉर्म में नाम एक जैसा रखें। आधार में नाम योजना के रिकॉर्ड से अलग हो, तो UIDAI के मुताबिक़ नज़दीकी आधार एनरोलमेंट सेंटर जाकर आधार में नाम ठीक कराएँ। (appointments.uidai.gov.in; सोर्स: uidai.gov.in, जाँचा: )
- अगर दो बैंकों ने एक ही आधार लिंक करा रखा है, तो NPCI के मैपर में सबसे आख़िरी लिंकिंग मानी जाती है, और DBT उसी बैंक में जाता है (NPCI का SOP, DBT Bharat की साइट पर, फ़रवरी 2021)। दूसरे बैंक में आधार देने से पहले सोच लें कि पैसा किस बैंक में चाहिए। (सोर्स: dbtbharat.gov.in, जाँचा: )
- आपके आधार से कौन-सा बैंक लिंक है, यह UIDAI के myAadhaar पोर्टल पर देखा जा सकता है। (myaadhaar.uidai.gov.in; सोर्स: uidai.gov.in, जाँचा: )
- बैंक खाते की KYC अपडेट रखें। RBI के मुताबिक़ इससे बैंकिंग सर्विस बिना रुकावट चलती रहती है। (सोर्स: rbi.org.in, जाँचा: )
परिवार का रिकॉर्ड (परिवार पहचान पत्र, PPP)
- PPP में जाँची गई कमाई ग़लत लगे, तो हरियाणा सरकार के मुताबिक़ परिवार ऑनलाइन 'सुधार' (Correction) या 'शिकायत' (Grievance) के ज़रिये उसे चुनौती दे सकता है। (meraparivar.haryana.gov.in; सोर्स: haryanaassembly.gov.in, जाँचा: )
हरियाणा में शिकायत
- हरियाणा सरकार की साइट के मुताबिक़ राज्य में शिकायत के लिए 'CM Window' चलती है, जो सभी ज़िलों और सभी डिपार्टमेंट में लागू है। (सोर्स: haryana.gov.in, जाँचा: )
- हरियाणा सरकार की साइट के मुताबिक़ ज़िलों में ई-दिशा केंद्रों और सब-डिवीज़न दफ़्तरों पर CM Window की शिकायत ली जाती है। (सोर्स: haryana.gov.in, जाँचा: )
शिकायत कहाँ करें
- सरकारी सर्विस से जुड़ी किसी भी बात की शिकायत केंद्र सरकार के CPGRAMS पोर्टल (pgportal.gov.in) पर 24 घंटे, हर दिन की जा सकती है। (सोर्स: pgportal.gov.in, जाँचा: )
- केंद्र सरकार की योजना चलाने का काम राज्य सरकार करती हो, तब भी CPGRAMS की गाइडलाइन के मुताबिक़ उसकी शिकायत केंद्र का वही मंत्रालय देखता है, जिसकी वह योजना है। (सोर्स: pgportal.gov.in, जाँचा: )
- राज्य सरकार या UT के काम की शिकायत CPGRAMS पर डालें, तो वह उसी राज्य या UT की सरकार को भेज दी जाती है। CPGRAMS के मुताबिक़ आप अपनी शिकायत के बारे में उस राज्य सरकार से सीधे भी पूछ सकते हैं। (सोर्स: pgportal.gov.in, जाँचा: )
- शिकायत दर्ज होने पर एक रजिस्ट्रेशन नंबर मिलता है। CPGRAMS के मुताबिक़ उसी नंबर से शिकायत का स्टेटस देखा जा सकता है। (pgportal.gov.in; सोर्स, जाँचा: )
धोखे से बचें
- ऑनलाइन पैसे की ठगी हो जाए, तो RBI के मुताबिक़ तुरंत cybercrime.gov.in पर रिपोर्ट करें या 1930 पर फ़ोन करें। (cybercrime.gov.in; सोर्स: rbi.org.in, जाँचा: )
- पेमेंट रिलीज़ कराने या क्लेम पास कराने के नाम पर कोई पैसा माँगे, तो न दें। PFMS ख़ुद लिखता है कि वह पेमेंट प्रोसेस करने के लिए किसी से पैसा नहीं माँगता। (सोर्स: pfms.gov.in, जाँचा: )
- पैसा पाने के लिए कहीं भी PIN या पासवर्ड डालने की ज़रूरत नहीं होती (RBI)। कोई ऐसा करने को कहे, तो रुकें: यह ठगी का तरीक़ा हो सकता है। (सोर्स: rbi.org.in, जाँचा: )
- कोई ऐप अनजान जगह से, या किसी अनजान आदमी के कहने पर डाउनलोड न करें। SMS, ईमेल, सोशल मीडिया या WhatsApp जैसे मैसेंजर पर आई ऐप की APK फ़ाइल या लिंक भी इंस्टॉल न करें (RBI)। (सोर्स: rbi.org.in, जाँचा: )
क्या करना होगा
- गर्भ का रजिस्ट्रेशन और LMP से 6 महीने के अंदर आँगनबाड़ी या मंज़ूर हेल्थ सेंटर पर कम से कम एक चेक-अप। बच्चे के जन्म का रजिस्ट्रेशन। बच्चे को BCG, OPV, DPT और हेपेटाइटिस-बी का पहला कोर्स लगा हो। आधार नंबर पर ही फ़ायदा मिलता है
और ज़रूरी बातें
- पेज के मुताबिक़ ₹5,000 सिर्फ़ दूसरे बच्चे के लड़का होने पर मिलता है। दूसरा बच्चा लड़की हो, तो इस स्कीम से यह पैसा नहीं मिलता
- स्कीम 8 मार्च 2022 या उसके बाद पैदा हुए बच्चे पर लागू है। पैसा परिवार पहचान पत्र (PPP) और DBT से खाते में आता है
क्या बदला
- 8 मार्च 2022: स्कीम 8 मार्च 2022 या उसके बाद पैदा हुए बच्चों के लिए लागू (16 मार्च 2023 का गैज़ेट) (सोर्स)
इससे जुड़ी योजनाएँ
किस मौक़े पर काम आती है: बच्चा होने वाला है · दिव्यांगता।
हरियाणा की सभी योजनाएँ: हरियाणा की योजनाएँ।
अपने परिवार के लिए जाँचें: टूल आपके परिवार के लिए केंद्र की और आपके राज्य की योजनाएँ एक साथ जाँचता है।