योजना चेक

इंडिपेंडेंट वेबसाइट · सरकारी वेबसाइट नहीं

अल्पसंख्यक पोस्ट-मैट्रिक स्कॉलरशिप

ध्यान दें: हम पक्का नहीं कर पाए कि यह योजना इस समय चल रही है। ₹2,300 से ₹5,700 साल में, शर्तों के हिसाब से। किसे: अल्पसंख्यक समुदाय का परिवार (मुस्लिम, सिख, ईसाई, बौद्ध, जैन या पारसी), 11वीं-12वीं (ITI, पॉलिटेक्निक और टेक्निकल या वोकेशनल कोर्स भी) से लेकर पीएच.डी. तक की पढ़ाई, माता-पिता या गार्जियन की सारी कमाई साल में ₹2 लाख से ज़्यादा न हो।

स्टेटस: ध्यान दें: हम पक्का नहीं कर पाए कि यह योजना इस समय चल रही है। मंत्रालय के 7 अगस्त 2024 के जवाब और मंत्रालय के पेज (अपडेट: 23 दिसंबर 2025) पर यह दिखती है। पर रेट 2017-18 से 2019-20 की गाइडलाइन के हैं, उसके बाद का रेट-ऑर्डर नहीं मिला, और 2026-27 की तारीख़ें भी नहीं दिखीं।

नए आवेदन खुले हैं या नहीं: मंत्रालय के पेज पर पोस्ट-मैट्रिक की गाइडलाइन है (रेट 2017-18 से 2019-20 के), पर कोई तारीख़ नहीं। गाइडलाइन के मुताबिक़ स्कीम का ऐलान हर साल राज्य/UT करता है और सभी स्टूडेंट्स को नेशनल स्कॉलरशिप पोर्टल पर ऑनलाइन आवेदन करना ज़रूरी है। NSP की सेंट्रल सेक्टर लिस्ट (AY 2026-27) में अल्पसंख्यक मंत्रालय की कोई स्कीम हमें नहीं दिखी; दूसरा टैब फ़ॉर्म से खुलता है, जो हमने नहीं भरा। नए आवेदन खुले हैं या नहीं, यह किसी सरकारी रिकॉर्ड में हमें नहीं मिला

क्या मिलता है

  • क्लास 11–12, ITI: ₹3,800 साल में · 11वीं-12वीं या ITI, हॉस्टल: ₹380 महीना × 10 महीने; ऊपर से फ़ीस ₹7,000 साल तक (टेक्निकल या वोकेशनल में ₹10,000 तक), असली खर्च के हिसाब से
  • क्लास 11–12, ITI: ₹2,300 साल में · 11वीं-12वीं या ITI, डे स्कॉलर: ₹230 महीना × 10 महीने; ऊपर से फ़ीस ₹7,000 साल तक (टेक्निकल या वोकेशनल में ₹10,000 तक), असली खर्च के हिसाब से
  • ग्रेजुएशन, पोस्ट ग्रेजुएशन: ₹5,700 साल में · ग्रेजुएट या पोस्ट-ग्रेजुएट (आम कोर्स), हॉस्टल: ₹570 महीना × 10 महीने; ऊपर से फ़ीस ₹3,000 साल तक, असली खर्च के हिसाब से। M.Phil, Ph.D में ₹1,200 महीना
  • ग्रेजुएशन, पोस्ट ग्रेजुएशन: ₹3,000 साल में · ग्रेजुएट या पोस्ट-ग्रेजुएट (आम कोर्स), डे स्कॉलर: ₹300 महीना × 10 महीने; ऊपर से फ़ीस ₹3,000 साल तक, असली खर्च के हिसाब से। M.Phil, Ph.D में ₹550 महीना

पैसा कैसे आता है: फ़ीस और 10 महीने का मेंटेनेंस भत्ता, DBT से

परिवार में जो भी शर्तें पूरी करे, उसे यह अलग से मिलती है।

किसे मिलती है

ये सारी बातें सही होनी चाहिए:

  • अल्पसंख्यक समुदाय का परिवार (मुस्लिम, सिख, ईसाई, बौद्ध, जैन या पारसी)
  • 11वीं-12वीं (ITI, पॉलिटेक्निक और टेक्निकल या वोकेशनल कोर्स भी) से लेकर पीएच.डी. तक की पढ़ाई
  • माता-पिता या गार्जियन की सारी कमाई साल में ₹2 लाख से ज़्यादा न हो

क्या चीज़ इसे रोक सकती है

  • कमाई साल में ₹2 लाख से ऊपर जाए

यह आपको ख़ुद देखना होगा

ये बातें हमारा टूल नहीं जाँच सकता। जब तक ये पक्की न हों, जवाब "शायद" रहेगा:

  • पिछले फ़ाइनल एग्ज़ाम में कम से कम 50% नंबर या उतना ग्रेड (यहाँ देखें: scholarships.gov.in)
  • नई स्कॉलरशिप सीमित हैं (हर साल करीब 5 लाख) और ग़रीबी के हिसाब से चुनी जाती हैं, कम कमाई वाले को पहले; 30% लड़कियों की। एक परिवार के ज़्यादा से ज़्यादा 2 बच्चों को मिलती है (यहाँ देखें: scholarships.gov.in)

आवेदन और स्टेटस

  • ऑनलाइन आवेदन: scholarships.gov.in
  • ऑफ़लाइन: इंस्टीट्यूट के ज़रिए
  • स्टेटस: scholarships.gov.in
  • फ़ीस: NSP के नोटिस के मुताबिक़ NSP की सर्विस कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) पर भी मिलती हैं। वहाँ NSP का फ़ॉर्म भरवाने के पूरे काम (रेफ़रेंस नंबर, बायोमेट्रिक, OTR और पूरा आवेदन फ़ॉर्म) का कुल चार्ज ₹30 तय है, सब टैक्स मिलाकर। यह CSC के काम का चार्ज है; इस स्कीम की अपनी फ़ीस के बारे में इस नोटिस में कुछ नहीं लिखा

आवेदन ऊपर लिखी जगह पर ही करें। योजना चेक कोई आवेदन, फ़ीस, आधार या बैंक की जानकारी नहीं लेता।

ये डॉक्यूमेंट तैयार रखें

  • NSP का OTR नंबर (वन टाइम रजिस्ट्रेशन)। यह आधार या आधार एनरोलमेंट ID से बनता है। NSP के मुताबिक़ AY 2024-25 से स्कॉलरशिप के आवेदन के लिए OTR ज़रूरी है

आवेदन के बाद

शिकायत

  • NSP हेल्पडेस्क: 0120-6619540 (रोज़ सुबह 8 से रात 8 बजे तक, सरकारी छुट्टी को छोड़कर), ईमेल helpdesk@nsp.gov.in
  • NSP पोर्टल पर शिकायत दर्ज करने के लिए "Grievance Registration" पेज है (nsp.gov.in)

पैसा मिलता रहे, इसके लिए

  • रिन्यूअल के लिए पिछले साल के एग्ज़ाम में 50% नंबर का सर्टिफ़िकेट चाहिए, उसी कोर्स और उसी इंस्टीट्यूट में। रिन्यूअल की मेरिट लिस्ट नहीं बनती। कोर्स के दौरान रिन्यूअल वाले स्टूडेंट दूसरे इंस्टीट्यूट में नहीं जा सकते (गाइडलाइन के मुताबिक़)
  • एक परिवार के दो से ज़्यादा स्टूडेंट्स को स्कॉलरशिप नहीं मिलती (मंत्रालय की तीनों अल्पसंख्यक स्कॉलरशिप मिलाकर) (गाइडलाइन के मुताबिक़)

पैसा बैंक खाते में आता है, तो पहले ये देख लें

  • आधार, बैंक खाते और योजना के फ़ॉर्म में नाम एक जैसा रखें। आधार में नाम योजना के रिकॉर्ड से अलग हो, तो UIDAI के मुताबिक़ नज़दीकी आधार एनरोलमेंट सेंटर जाकर आधार में नाम ठीक कराएँ। (appointments.uidai.gov.in)
  • अगर दो बैंकों ने एक ही आधार लिंक करा रखा है, तो NPCI के मैपर में सबसे आख़िरी लिंकिंग मानी जाती है, और DBT उसी बैंक में जाता है (NPCI का SOP, DBT Bharat की साइट पर, फ़रवरी 2021)। दूसरे बैंक में आधार देने से पहले सोच लें कि पैसा किस बैंक में चाहिए।
  • आपके आधार से कौन-सा बैंक लिंक है, यह UIDAI के myAadhaar पोर्टल पर देखा जा सकता है। (myaadhaar.uidai.gov.in)
  • बैंक खाते की KYC अपडेट रखें। RBI के मुताबिक़ इससे बैंकिंग सर्विस बिना रुकावट चलती रहती है।

शिकायत कहाँ करें

  • सरकारी सर्विस से जुड़ी किसी भी बात की शिकायत केंद्र सरकार के CPGRAMS पोर्टल (pgportal.gov.in) पर 24 घंटे, हर दिन की जा सकती है। (pgportal.gov.in)
  • केंद्र सरकार की योजना चलाने का काम राज्य सरकार करती हो, तब भी CPGRAMS की गाइडलाइन के मुताबिक़ उसकी शिकायत केंद्र का वही मंत्रालय देखता है, जिसकी वह योजना है।
  • राज्य सरकार या UT के काम की शिकायत CPGRAMS पर डालें, तो वह उसी राज्य या UT की सरकार को भेज दी जाती है। CPGRAMS के मुताबिक़ आप अपनी शिकायत के बारे में उस राज्य सरकार से सीधे भी पूछ सकते हैं।
  • शिकायत दर्ज होने पर एक रजिस्ट्रेशन नंबर मिलता है। CPGRAMS के मुताबिक़ उसी नंबर से शिकायत का स्टेटस देखा जा सकता है। (pgportal.gov.in)

धोखे से बचें

  • ऑनलाइन पैसे की ठगी हो जाए, तो RBI के मुताबिक़ तुरंत cybercrime.gov.in पर रिपोर्ट करें या 1930 पर फ़ोन करें। (cybercrime.gov.in)
  • पेमेंट रिलीज़ कराने या क्लेम पास कराने के नाम पर कोई पैसा माँगे, तो न दें। PFMS ख़ुद लिखता है कि वह पेमेंट प्रोसेस करने के लिए किसी से पैसा नहीं माँगता।
  • पैसा पाने के लिए कहीं भी PIN या पासवर्ड डालने की ज़रूरत नहीं होती (RBI)। कोई ऐसा करने को कहे, तो रुकें: यह ठगी का तरीक़ा हो सकता है।
  • कोई ऐप अनजान जगह से, या किसी अनजान आदमी के कहने पर डाउनलोड न करें। SMS, ईमेल, सोशल मीडिया या WhatsApp जैसे मैसेंजर पर आई ऐप की APK फ़ाइल या लिंक भी इंस्टॉल न करें (RBI)।

और ज़रूरी बातें

  • 2024 के जवाब के बाद टेक्निकल और प्रोफ़ेशनल UG-PG कोर्स (लिस्ट वाले इंस्टीट्यूट को छोड़कर) भी इसी में आते हैं, इसलिए ₹3,000 वाली UG फ़ीस उन पर लागू न हो, यह हो सकता है

अपने परिवार के लिए जाँचें: टूल आपके परिवार के लिए केंद्र की और आपके राज्य की योजनाएँ एक साथ जाँचता है।

सोर्स

  1. Scheme of 'Post-Matric Scholarship' for students belonging to the minority communities (guidelines on the Ministry page; rates are for 2017-18 to 2019-20)
    Ministry of Minority Affairs
  2. Ministry of Minority Affairs - Scholarship Schemes page (lists the three guidelines; 'Last Updated On December 23, 2025')
    Ministry of Minority Affairs, 23 दिसंबर 2025
  3. National Scholarship Portal - home page and student announcements (Academic Year 2026-27; "Last update on June 2026")
    National Scholarship Portal (MeitY / NIC)
  4. National Scholarship Portal - Helpdesk page (NSP helpline, email, hours)
    National Scholarship Portal (MeitY / NIC)

ये नियम सरकारी रिकॉर्ड से को जाँचे गए। सभी योजनाओं में क्या बदला: बदलाव का पेज।